मुहर्रम से पहले उठी व्यवस्थाओं की मांग! अंजुमन सईदया थितकी ने प्रशासन से की बिजली, पानी और सफाई की बेहतर व्यवस्था की अपील
- मुहर्रम में न हो कोई परेशानी सदर सैय्यद गजनफर अली नकवी ने प्रशासन से मूलभूत सुविधाएं सुनिश्चित करने की मांग उठाई
- मुहर्रम की तैयारियों को लेकर सक्रिय हुई अंजुमन सईदया! जुलूस मार्गों की मरम्मत, सुरक्षा और पेयजल व्यवस्था पर दिया जोर
थितकी/देवबंद। मुहर्रम के पवित्र महीने को लेकर तैयारियां तेज होने लगी हैं। इसी क्रम में अंजुमन सईदया थितकी के सदर सैय्यद गजनफर अली नकवी ने जिला प्रशासन से अपील करते हुए कहा है कि मुहर्रम के दौरान श्रद्धालुओं और अकीदतमंदों को किसी भी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े, इसके लिए सभी आवश्यक व्यवस्थाएं समय रहते सुनिश्चित की जाएं। उन्होंने कहा कि मुहर्रम केवल एक धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि आस्था, त्याग और इंसानियत का संदेश देने वाला पवित्र अवसर है। इस दौरान गांवों, कस्बों और शहरों में बड़ी संख्या में मजलिसों, मातमी कार्यक्रमों और जुलूसों का आयोजन किया जाता है, जिनमें दूर-दराज़ क्षेत्रों से भी लोग शामिल होते हैं। ऐसे में प्रशासन की जिम्मेदारी और भी बढ़ जाती है कि श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं।
सैय्यद गजनफर अली नकवी ने कहा कि मुहर्रम के दौरान इमामबाड़ों, मजलिस स्थलों और जुलूस मार्गों पर विशेष सफाई अभियान चलाया जाना चाहिए। उन्होंने मांग की कि नालियों की सफाई, कूड़ा निस्तारण और स्वच्छता व्यवस्था को प्राथमिकता दी जाए ताकि लोगों को किसी प्रकार की परेशानी न हो। उन्होंने कहा कि मुहर्रम के दौरान अघोषित बिजली कटौती धार्मिक कार्यक्रमों में बाधा उत्पन्न कर सकती है। इसलिए प्रशासन और बिजली विभाग को विशेष व्यवस्था करते हुए निर्बाध विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित करनी चाहिए।
इसके साथ ही उन्होंने स्वच्छ पेयजल की पर्याप्त व्यवस्था करने तथा जरूरत पड़ने पर अतिरिक्त पानी के टैंकर उपलब्ध कराने की भी मांग की, ताकि गर्म मौसम में श्रद्धालुओं को राहत मिल सके। सैय्यद गजनफर अली नकवी ने प्रशासन से जुलूस मार्गों पर टूटी सड़कों की मरम्मत, खुले मैनहोल बंद कराने, जलभराव और गंदगी की समस्या का तत्काल समाधान कराने की मांग की। उन्होंने कहा कि छोटी-छोटी लापरवाहियां बड़े हादसों का कारण बन सकती हैं, इसलिए समय रहते सभी व्यवस्थाएं दुरुस्त कर ली जानी चाहिए।
उन्होंने सुरक्षा और यातायात व्यवस्था को मजबूत बनाने, अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती तथा स्ट्रीट लाइटों और अन्य प्रकाश व्यवस्था को दुरुस्त कराने पर भी विशेष ध्यान देने का आग्रह किया। अंजुमन सईदया के सदर ने विश्वास जताया कि जिला प्रशासन हर वर्ष की तरह इस बार भी मुहर्रम के अवसर पर धार्मिक भावनाओं का सम्मान करते हुए सभी आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराएगा और श्रद्धालुओं की समस्याओं का प्राथमिकता के आधार पर समाधान सुनिश्चित करेगा।
मुहर्रम जैसे महत्वपूर्ण धार्मिक अवसरों पर बेहतर व्यवस्थाएं केवल प्रशासनिक जिम्मेदारी नहीं, बल्कि सामाजिक सौहार्द और धार्मिक सम्मान का भी प्रतीक होती हैं। समय रहते सफाई, बिजली, पानी, सड़क और सुरक्षा संबंधी व्यवस्थाएं सुनिश्चित कर दी जाएं तो श्रद्धालु पूरी शांति और श्रद्धा के साथ अपने धार्मिक कार्यक्रमों में शामिल हो सकते हैं। अंजुमन सईदया थितकी की यह मांग जनहित और बेहतर प्रबंधन की दिशा में एक सकारात्मक पहल मानी जा सकती है।
रिपोर्ट - दीन रज़ा

